उत्तराखण्ड
रेलवे स्टेशनों से गुम हुए 200 मोबाइल बरामद, यात्रियों की सुरक्षा को लेकर दिशा-निर्देश जारी
जीआरपी लाइन व मुख्यालय का निरीक्षण, अपराध व प्रशासनिक कार्यों की समीक्षा
हरिद्वार। 6 जनवरी 2026 को मुख़्तार मोहसिन, पुलिस महानिरीक्षक (रेलवेज), उत्तराखण्ड द्वारा जीआरपी लाइन का निरीक्षण किया गया। इसके बाद जीआरपी मुख्यालय, हरिद्वार में अपराध एवं प्रशासनिक कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित हुई, जिसमें अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की गई।
बैठक में बताया गया कि उत्तराखण्ड के विभिन्न रेलवे स्टेशनों से यात्रियों के मोबाइल गुम होने की शिकायतें लगातार मिल रही थीं। इस संदर्भ में थानों और जीआरपी एसओजी की संयुक्त कार्यवाही के तहत सर्विलांस, C.E.I.R. पोर्टल और मैन्युअल प्रक्रिया से अलग-अलग राज्यों—उत्तर प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, पंजाब, बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल और ओडिशा—से कुल 200 मोबाइल फोन बरामद किए गए। बरामद मोबाइलों की अनुमानित कीमत ₹36.50 लाख बताई गई है। समीक्षा बैठक के दौरान इन मोबाइलों को उनके वास्तविक स्वामियों को सौंपा गया।
मोबाइल वितरण के बाद जीआरपी में कार्यरत दो चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को उनके कार्य के आधार पर नकद पुरस्कार दिए जाने की जानकारी भी साझा की गई।
थानावार समीक्षा में दिए गए प्रमुख निर्देश
रेल यात्रा करने वाले यात्रियों, विशेषकर महिलाओं की सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर।
लंबित अभियोगों के निस्तारण और संबंधित संपत्ति की शत-प्रतिशत बरामदगी।
थानों में लंबित माल व न्यायालय से निर्णित मालों का समयबद्ध निस्तारण।
न्यायालयी आदेशों की पूर्ण तामील।
चोरी, लूट, चेन स्नैचिंग, जहरखुरानी जैसी घटनाओं के त्वरित अनावरण के लिए समन्वय।
ट्रेनों में एस्कॉर्ट ड्यूटी के लिए रोटेशन प्रणाली लागू करना।
लंबित विवेचनाओं का शीघ्र निस्तारण, पुराने मामलों में प्रभावी पैरवी।
शराब पीकर यात्रा करने वालों पर चालानी कार्यवाही।
रन-ओवर की अज्ञात घटनाओं में शिनाख्त के प्रयास और हॉटस्पॉट चिन्हित कर जनजागरूकता।
मानव तस्करी रोकथाम हेतु एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट के साथ नियमित चेकिंग।
त्योहारों के मद्देनज़र बीडीएस व श्वान दल से सघन जांच।
शिकायतों पर त्वरित कार्यवाही, एफआईआर पंजीकरण और निस्तारण।
निरोधात्मक कार्यवाही, वारंटों की तामील और इनामी अपराधियों की गिरफ्तारी।
पोर्टलों का अद्यतन रख-रखाव व प्रशिक्षण।
उत्तराखण्ड पुलिस एप, गौरा शक्ति एप, जीआरपी हेल्पलाइन (1090/1930/182/112) और C.E.I.R. पोर्टल का प्रचार-प्रसार।
आपदा प्रबंधन प्रशिक्षण और रेलवे से जुड़े लंबित प्रस्तावों पर समन्वय।
बैठक में पुलिस अधीक्षक (रेलवेज), पुलिस अधीक्षक (क्राइम) हरिद्वार, पुलिस अधीक्षक नगर हरिद्वार, रेलवे स्टेशन हरिद्वार के स्टेशन अधीक्षक सहित संबंधित थानों व शाखाओं के प्रभारी उपस्थित रहे।




