उत्तराखण्ड
जंगल के बीच गूंजा “हर-हर महादेव” — रामनगर के बाल सुंदरी मंदिर (गुलर सिद्ध) में उमड़ी आस्था की भारी भीड़
जंगल के बीच गूंजा “हर-हर महादेव” — रामनगर के बाल सुंदरी मंदिर (गुलर सिद्ध) में उमड़ी आस्था की भारी भीड़
रामनगर। महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर रामनगर स्थित प्रसिद्ध बाल सुन्दरी मंदिर (गुलर सिद्ध) में सुबह से ही आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। जंगल के बीच स्थापित इस दिव्य मंदिर में बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं “हर-हर महादेव” के जयघोष के साथ जल चढ़ाने और भगवान शिव के दर्शन करने पहुंच रहे हैं। पूरे मंदिर परिसर में भक्ति, श्रद्धा और शिवमय माहौल बना हुआ है।
महाशिवरात्रि हिंदू धर्म का एक प्रमुख पर्व है, जिसे भगवान शिव और माता पार्वती के दिव्य मिलन के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। मान्यता है कि इसी दिन भगवान शिव ने सृष्टि के कल्याण के लिए तांडव किया और जगत के कल्याण का संकल्प लिया। इस दिन शिवलिंग पर जल, दूध और बेलपत्र चढ़ाने से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और जीवन में सुख-शांति का आशीर्वाद मिलता है। भक्त उपवास रखकर, रात्रि जागरण कर और “ॐ नमः शिवाय” का जाप कर भोलेनाथ को प्रसन्न करते हैं।
बाल सुन्दरी मंदिर, जो घने जंगल के बीच स्थित है, हर वर्ष महाशिवरात्रि पर विशेष आस्था का केंद्र बन जाता है। प्राकृतिक वातावरण में बसे इस मंदिर तक पहुंचने के लिए श्रद्धालु लंबा रास्ता तय करते हैं, लेकिन उनकी आस्था हर कठिनाई को आसान बना देती है।
भीड़ को व्यवस्थित रखने और किसी भी तरह की अव्यवस्था या शरारती तत्वों पर नजर रखने के लिए क्षेत्राधिकारी सुमित पांडे और कोतवाल सुशील कुमार के नेतृत्व में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था के साथ श्रद्धालुओं की सुविधा का भी ध्यान रखा जा रहा है, ताकि सभी भक्त शांतिपूर्वक भगवान शिव के दर्शन कर सकें।
महाशिवरात्रि के इस पावन पर्व पर बाल सुन्दरी मंदिर (गुलर सिद्ध) में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ यह साबित कर रही है कि आस्था और विश्वास की डोर आज भी उतनी ही मजबूत है, जितनी सदियों पहले थी। पूरा जंगल, पूरा मंदिर और पूरा वातावरण आज शिव भक्ति में डूबा नजर आ रहा है। “हर-हर महादेव” के जयकारों के साथ यह पर्व भक्तों के मन में नई ऊर्जा, सकारात्मकता और आध्यात्मिक शक्ति का संचार कर रहा है।




