उत्तराखण्ड
आवासीय जमीन पर रेस्टोरेंट चला रहे थे वारिस, डीएम ने पट्टा किया निरस्त
नैनीताल | 8 मई 2026
आवासीय भूमि को कमाई का जरिया बनाने वालों पर अब प्रशासन सख्त होता नजर आ रहा है। ललित मोहन रयाल ने एक अहम कार्रवाई करते हुए आवासीय पट्टे की जमीन पर रेस्टोरेंट संचालन के मामले में पट्टा निरस्त कर दिया है और जमीन को राज्य सरकार के पक्ष में निहित करने के आदेश जारी कर दिए हैं।
जिलाधिकारी कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, नंदराम को आवासीय प्रयोजन के लिए भूमि आवंटित की गई थी। लेकिन बाद में उनके वारिस—रोहित कुमार, दिनेश कुमार और संतोष कुमार (निवासी छड़ा मझेड़ा, कैंची धाम)—ने इस जमीन का उपयोग व्यावसायिक गतिविधियों के लिए करना शुरू कर दिया। बताया जा रहा है कि 0.008 हेक्टेयर भूमि पर रेस्टोरेंट संचालित किया जा रहा था।
जांच में स्पष्ट रूप से सामने आया कि भूमि का उपयोग पट्टे की शर्तों के विपरीत किया जा रहा है। आवासीय पट्टा होने के बावजूद व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करना नियमों का सीधा उल्लंघन माना गया। इसी आधार पर जिलाधिकारी ने सख्त रुख अपनाते हुए संबंधित पट्टे को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया।
इसके साथ ही प्रशासन ने उक्त भूमि को राज्य सरकार के पक्ष में निहित करने के निर्देश भी जारी किए हैं। यह कार्रवाई उन लोगों के लिए सीधा संदेश मानी जा रही है, जो नियमों को ताक पर रखकर आवासीय जमीन को व्यवसाय में बदल देते हैं।
प्रशासन का कहना है कि आगे भी इस तरह के मामलों में जांच जारी रहेगी और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।




