उत्तराखण्ड
कैंची धाम में पुलिस वालों की शर्मनाक हरकत: होमस्टे में युवती से छेड़छाड़ का आरोप, गुस्साए लोगों ने सिपाहियों की पिटाई कर चौकी घेरी; SSP का एक्शन

नैनीताल (14 जून 2026): विश्व प्रसिद्ध कैंची धाम (नीब करौरी बाबा आश्रम) में 15 जून को होने वाले स्थापना दिवस मेले से ठीक एक दिन पहले पुलिस महकमे के लिए बड़ा विवाद खड़ा हो गया। मेले की ड्यूटी पर तैनात दो पुलिसकर्मियों पर एक होमस्टे संचालक की बेटी से छेड़छाड़ और अभद्रता का गंभीर आरोप लगा है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों और ग्रामीणों ने दोनों सिपाहियों को रंगे हाथों पकड़कर उनकी जमकर पिटाई की, उन्हें घसीटते हुए पुलिस चौकी पहुंचाया और घंटों तक चौकी का घेराव कर पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
पूरा मामला क्या है?
शनिवार 13 जून की रात करीब 11 बजे की यह घटना कैंची धाम मंदिर के समीप स्थित एक होमस्टे में हुई। मेले की सुरक्षा ड्यूटी के लिए ऊधम सिंह नगर जिले से आए दो कांस्टेबल ( अपर उपनिरीक्षक जगदीश प्रसाद, थाना केलाखेडा और
कांस्टेबल जितेन्द्र कुमार थाना गदरपुर ) होमस्टे में ठहरे हुए थे। आरोप है कि दोनों शराब के नशे में धुत थे और उन्होंने होमस्टे संचालक की बेटी (युवती) के कमरे में जबरन घुसकर उसके साथ आपत्तिजनक हरकतें कीं और छेड़छाड़ की। युवती ने शोर मचाया तो परिवार वाले और आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए।
खबर फैलते ही पूरे इलाके में आक्रोश फैल गया। स्थानीय लोगों ने दोनों पुलिसकर्मियों को पकड़ लिया, उनकी धुनाई की और उन्हें घसीटते हुए कैंची धाम पुलिस चौकी ले गए। सैकड़ों की भीड़ ने चौकी का घेराव कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन मुर्दाबाद और SSP मुर्दाबाद के नारे लगाए। उन्होंने मेले से पहले लगाए गए बैरिकेडिंग और वाहन प्रतिबंधों पर भी नाराजगी जताई, जिससे पर्यटकों और स्थानीय व्यापारियों को परेशानी हो रही थी।
SSP मंजूनाथ टीसी का सख्त रुख और एक्शन
मामले की गंभीरता को देखते हुए नैनीताल के SSP डॉ. मंजूनाथ टीसी खुद घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने स्थिति को शांत कराने के लिए लोगों से बातचीत की और सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। SSP ने कहा कि “अनुशासनहीनता और महिला सुरक्षा से खिलवाड़ करने वालों के लिए पुलिस विभाग में कोई जगह नहीं है।” दोनों आरोपियों का मेडिकल कराया गया जिसमें उनके द्वारा शराब का नशा करने की पुष्टि हुई हैं.
दोनों पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और उन्हें सस्पेंड करने की तैयारी की जा रही हैं । IG कुमाऊं ने भी मामले में सख्ती बरतने की बात कही है। जांच जारी है और पीड़िता के बयान के आधार पर FIR दर्ज की गई है।
मेले पर असर और पुलिस की तैयारी
यह घटना कैंची धाम मेले की तैयारियों के बीच आई है, जहां लाखों श्रद्धालु पहुंचने वाले हैं। SSP मंजूनाथ टीसी पहले से ही सुरक्षा, यातायात और श्रद्धालुओं की सुविधा को लेकर सख्त निर्देश दे चुके थे, लेकिन इस घटना ने पुलिस की छवि को ठेस पहुंचाई है। प्रशासन ने मेले को शांतिपूर्ण कराने के लिए अतिरिक्त बल तैनात कर दिया है।bc318d
स्थानीय लोग और व्यापारी अब पुलिस की भूमिका पर सवाल उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जहां सुरक्षा का जिम्मा पुलिस पर है, वहीं उनकी हरकतें महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर रही हैं।
यह मामला उत्तराखंड पुलिस के लिए चेतावनी है। SSP मंजूनाथ टीसी की त्वरित कार्रवाई से आक्रोश कुछ हद तक शांत हुआ है, लेकिन जांच का परिणाम आने तक विवाद थमा नहीं है। कैंची धाम जैसे पवित्र स्थल पर ऐसी घटना न केवल पुलिस की छवि खराब करती है, बल्कि आस्था और पर्यटन दोनों को प्रभावित करती है।




